rashi sharma
10 Sep, 2022 | 0 mins read
सौंदर्य झांक रहा है....................
सीशा भी जिससे शर्मा जाएं, उसे देख हर कोई हैरान हो जाए, बड़ा वक्त लेकर बनाया है उसे, जिसे देख चांद भी शर्मा जाए.
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rashi sharma
08 Sep, 2022 | 1 min read
नाराज़गी..................
गुस्से से भरा इंसान बेकाबू हो गया है, किस - किस को समझाएं हर कोई एक जैसा ही हो गया है.
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rashi sharma
07 Sep, 2022 | 0 mins read
दिखावे की जद्दोजहद....................
जैसा दिखना चाहते हो वैसा बन जाओं, वरना जैसे हो वैसे दिखों भी.
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rashi sharma
06 Sep, 2022 | 1 min read
मलाल...............
ना जीने देता है, ना मरने देता है, ऐ मलाल रोक देता है इंसान को, खुद में कैद कर लेता है.
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