Sonnu Lamba

sonnulamba

https://paperwiff.com/sonnulamba

मैं एक गृहणी हूं, इंजीनियरिंग में स्नातक और हिंदी से परास्नातक की शिक्षा ली है, साहित्य में रूचि है, पढना और लिखना दोनो पसंद है..!!

Sonnu Lamba
Sonnu Lamba 31 Dec, 2020 | 1 min read

स्वागत नहीं करोगे हमारा...!

साल 2020 जा रहा है, क्या हुआ, क्या हो रहा है, सब हमारे सामने हैं, क्या पूरा जीवन ही ऐसा नही है अप्रत्याशित, फिर किसी साल को क्या दोष देना..! पढिए पूरा लेख..! शुक्रिया दोस्तों..!

#Self-confidence #Life #Future #The last day of year #Happy new year

Reactions 2
Comments 3
1009
Sonnu Lamba
Sonnu Lamba 30 Dec, 2020 | 1 min read

जादुई पिटारे... !

बात खतो की और चिट्ठियों के वो जमाने..

#Chitthi #Letters #Nostlegia #Postman

Reactions 2
Comments 2
1035
Sonnu Lamba
Sonnu Lamba 28 Dec, 2020 | 1 min read

पिता का असमय चले जाना..

निजी अनुभव

#Life #Father #Father love

Reactions 1
Comments 0
830
Sonnu Lamba
Sonnu Lamba 25 Dec, 2020 | 1 min read

गुप्त दान...

सैंटा को सबके पास जाना ही चाहिए..!!

#Contest #Santa #Christmas

Reactions 1
Comments 0
872
Sonnu Lamba
Sonnu Lamba 18 Dec, 2020 | 1 min read

अफसोस

ये एक फ्यूचर फिक्शन कहानी है.. (2080 और हम) इसका कालखंड वो है जो अभी किसी ने भी नहीं देखा और जिंदगी जिस तरफ ले जा रही है... उसके अनुसार कल्पना की जाएं तो, ये अतिशयोक्ति भी नहीं.... पढिए..!

#Life #Future #Fiction #Pollution #Future fiction

Reactions 0
Comments 2
1094
Sonnu Lamba
Sonnu Lamba 14 Dec, 2020 | 1 min read

परिवार और अंहकार

रिश्तो में, इगो का होना, संवाद की, सहयोग की सभी खिडकियां बंद कर देता है और फिर....... पढिए........!!

#Life #Joint family #Relationships #Ego #Family #Team

Reactions 1
Comments 0
667
Sonnu Lamba
Sonnu Lamba 13 Dec, 2020 | 1 min read

प्रेम

My Poetry.. देखिए तो, 1994 में हम कैसा लिखते थे..!

#Poem #1994 #Me and my poems #Old days #Memories #Mypoetry

Reactions 0
Comments 0
715
Sonnu Lamba
Sonnu Lamba 12 Dec, 2020 | 1 min read

बुढापा

बुढापा अपने आप में ही एक समस्या है, उस पर वक्त कठिन हो जाए तो...!

#Life obstacles #Life #Oldage #Story #Older people

Reactions 1
Comments 0
912
Sonnu Lamba
Sonnu Lamba 09 Dec, 2020 | 1 min read

असली दर्पण

एक दिन, अपने कॉलेज जाते हुए रास्ते में, एक कन्सटरक्शन साइट पर कुछ बच्चो को गौर से देखा, कुछ देर तक, उनकी गतिविधियां देखी तब ये विचार मन में उपजे, ये 1995 की बात है, फिर घर आकर ये कविता स्वत: ही लिखी गयी..!

#Obstacles of life #Children #India #Poverty

Reactions 1
Comments 4
739
Sonnu Lamba
Sonnu Lamba 08 Dec, 2020 | 1 min read

स्मृतियों में दिसम्बर

दिसम्बर का एक दिन

#Life #December #Love #Dhoop #My poetry

Reactions 1
Comments 0
845