धोखा विश्वासघात

एक्स्ट्रा मारिटेल affair के बारे मे एक लघु कथा जहां औरतें घर में ही सेफ नहीं है, वहाँ हमे सिर्फ 9 दिन उनकी पूजा करना और बाकी दिन अपमान और दुष्कर्म

Varsha Sharma
19 Oct, 2020 • 1 min read • hi
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धोखा विश्वासघात

Photo by Ayo Ogunseinde on Unsplash



पूनम.....हां जी जीजा जी ,तुम

, "तुम कितनी समझदार हो और यह सब दुख भरे दिन देखने पड़ रहे हैं तुम चाहो तो तुम ऐश कर सकती हो, "

 पति के शराबी होने का फायदा उठाना चाह रहे थे जीजा जी | पूनम समझ गई और बोली ,"नहीं जीजा जी यह मेरे संस्कारो में नहीं है मुझे दुख है कि आप दीदी के साथ विश्वासघात कर रहे हो |

.. और अपने ही घर में आपको शर्म भी नहीं आई क्योंकि यह आपकी फितरत है लेकिन मैं अपने पति को धोखा नहीं दे सकती | पति ने सुना उसे अपनी करनी पर पछतावा हुआ

सिर्फ 9 दिन ही नारी की उपासना ?? नही खुश नही होगी माँ.. ऐसी पूजा से तो आप बगुला भगत बन जाएंगे, 

 नारी शक्ति का रूप है, लोगों की सोच  बदलने की शुरुआत घर से ही करनी होगी और इसके लिए लड़कियों को मजबूत बनाना होगा, लड़कों को सिखाना होगा कि लड़कियों की इज्जत कैसे की जाती है, क्योंकि कुछ दिन डीपी और स्टेटस लगा कर मोमबत्ती जलाकर अपनी श्रद्धांजलि ना दें बल्कि अपने स्तर पर इन चीजों में सुधार लाएं और खुद से यह शुरुआत करें कभी कहीं भी कोई दुष्कर्म होता है तो आदमी की तो बात ही क्या औरते भी कहती हैं कि लड़की की ही गलती होगी, और यह ना सोचे कि अकेले के करने से क्या होगा जब अकेले शुरुआत करेंगे तो एक दिन यह शुरुआत सर्व व्यापी  आंदोलन बन जाएगा

 

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