कुछ असंभव नहीं

जीवन में मुश्किलें तो आती ही है। उनका सामना कर आगे बढ़ने में ही जीवन की सार्थकता है।

Kavita Sharma
12 Aug, 2019 • 0 mins read • hi
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कुछ असंभव  नहीं

वैसे तो जीवन में करने के लिए बहुत कुछ है. जीवन का अर्थ ही काम करते रहना है बिन कुछ कम किए जीवन का कोई अर्थ ही नहीं है. जीवन अर्थात रिश्ते, रिश्तों को निभना. रिश्तों से बनता है घर. घर से बनती है ज़िम्मेदारी. इनको निभाना भी ज़रूरी होता है.

फिर घर चलाने के लिए नौकरी करना भी ज़रूरी है. पैसा ज़रूरतों को पूरा करता है.

साथ में जीवन को असल में खुशी से जीने के लिए सपनों का और हमारी रूचियों का पूरा होना ज़रूरी है.

ज़िन्दगी इन तीनो का मिश्रण ही तो है. बस अगर तीनों में सामान्यता बनाए रखें तो कुछ असंभव नहीं!

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