चिट्ठी न कोई संदेश

पिता का बेवक्त दुनिया से चले जाने का गम अकथनीय है।

Kumar Sandeep
31 May, 2020 • 1 min read min read • hi
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चिट्ठी न कोई संदेश

#पापा

यदि आपके निकट या थोड़ी दूर ही सही पिता हैं आपके जीवन में तो मेरे अनुसार आपके पास दुनिया की सबसे बड़ी चीज़ है। पिता का जीवन में होना जहां एक ओर अत्यधिक ख़ुशी की अनुभूति देती है, वहीं पिता का बेवक्त इस दुनिया से चले जाना पुत्र को दुःख ही दुःख दे जाता है। चौदह वर्ष का था, तो पिता स्वर्गलोक चले गए। तब से ख़ुद को संभालना और पिता जी को भूलना अत्यंत कठिन प्रतीत होता है। 


सपने में जब पापा आते हैं:- जब कभी सोते वक्त सपने में पापा आते हैं, तो मन हर्ष से भर जाता है। सपने में ही सही, सदा के लिए इस दुनिया से चले गए पिता का अपने सम्मुख देखना भला किस पुत्र को अच्छा नहीं लगेगा। जब पिता सपने में आते हैं तो जी करता है कि सदा के लिए उन्हें अपने पास ही रहने के लिए कहूं। वो सभी बातें करूं उनसे जो मैं उनसे नहीं कर सका। पर, अचानक से नींद टूट जाती है व शीशे की भाँति सबकुछ बिखर जाता है। पिता अचानक गायब हो जाते हैं, आखिर पापा दुनिया से सर्वदा के लिए चले जो जा चुके हैं।मेरा एक अनुरोध है दुनिया की हर संतान से कि जब तक पापा हैं आपके पास उनका पूरा ख़्याल रखिए,मन भर प्रेम कीजिए।



जब असमय साथ छूट जाता है:- जब पिता बेवक्त ही इस दुनिया से सर्वदा के लिए हमसे विदा होकर बहुत दूर चले जाते हैं। तो मन में एक ही प्रश्न उठता है कि चिट्ठी न कोई संदेश पापा आप कहाँ चले गए? तब प्रश्न का उत्तर मौन नज़र आता है। ईश्वर से बस इतनी ही प्रार्थना रहती है उस वक्त कि हे ईश्वर! कभी भी किसी भी संतान के जीवन से उसके अंतिम सांस तक पिता का साथ मत छीनना। क्योंकि पिता जब सर्वदा के लिए दूर चले जाते हैं तो एक पुत्र को अथाह पीड़ा होती है। 


आलेख के अंत में बस इतना कहना चाहूंगा कि जब तक सांस है तन में तब तक अपने पिता जी का ख़्याल रखिये, उनकी हर ज़रुरतों को पूर्ण कीजिए। किसी भी चीज़ की कमी उन्हें महसूस नहीं होने दीजिए। उनका होना बेशक आपको महसूस न हो पर जब पापा हमेशा के लिए आपसे हाथ छुड़ाकर बहुत दूर चले जाएंगे तो असीमित पीड़ा होगी। 


©कुमार संदीप

मौलिक, स्वरचित, अप्रकाशित

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  • Vineeta Dhiman · 6 years ago last edited 6 years ago

    Sahi likha hai... Jb tak koi sath rahta hai tb tk um unki.parwah nhi krte aur unke jaane ka baad sirf yaade hi rah jaati hai...???

  • Kumar Sandeep · 6 years ago last edited 6 years ago

    @विनिता मैम हार्दिक आभार आपका????

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