Ananya Rai Parashar
Ananya Rai Parashar 04 Jun, 2022
ख़ामोशी और तनहाई
मेरे सफ़र में कड़ी धूप इब्तेदा से है मेरे नसीब में बादल ना पेड़ आते हैं ख़ामोशी जब मेरी तनहाई और बढ़ाती है हम अपने आप को फिर खुद ही छेड़ आते हैं ©अनन्या राय पराशर

Paperwiff

by ananyarai

04 Jun, 2022

#Silecne #alonefighting

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